हैल्लो दोस्तों कैसे है आप लोग हर बार की तरह ही मैंने आ गया हु एक और इंट्रेस्टिंग आर्टिकल के साथ आज के इसलिए आर्टिकल मै हम जानेंगे की आखिर कैसे फ़िल्म इंडस्ट्री पैसा कमाती है आखिर एक्टर डिरेक्टर के पास पैसा कैसे पहोचता है और कहाँ कहाँ से कितना कितना कमाते है यह सारे डाउट आज के इस आर्टिकल मै क्लियर हो जायेंगे और साथ ही मै आपके यह डाउट भी क्लियर हो जाएंगे की आखिर मूवी बनती कैसे है और कितना पैसा लगता है तो चलिए आज का आर्टिकल शुरू करते है !

पहले हम जान लेते है की फ़िल्म बनाने वाले के पास पैसा कहाँ से आता है इतना बजट लाते कहाँ से है फ़िल्म के लिए जो पूरा खर्चा करता है वो है प्रोडूसर मान लीजिये मुझे एक मूवी बनानी है तो मै पैसा लूंगा प्रोडूसर से लेकिन मूवी बनाने के लिए पैसा लगता कहाँ कहाँ है मूवी बनाने के लिए बहोत जगह पैसा लगता है सबसे पहले तो हमें चाहिए होती है एक स्टोरी आखिर उसी के ऊपर तो हम फ़िल्म बनाएंगे तो स्टोरी चाहिए होती है और इसके बाद यह डिसाइड करना होता है की मूवी मै कौनसा एक्टर कौनसी एक्टर चाहिए सलमान चाहिए तो साठ करोड़ रूपये शाहरुख़ चाहिए तो पचास करोड़ रूपये ऐसे अपने बजट के हिसाब से एक्टर लेना होता है !

इन सबके बाद बात आती है लोकेशन की आखिर मूवी बनानी किस जगह है लोकेशन के बाद वहाँ पर होटल बुक करने होंगे और उनके खाने पिने के रूपये मिलाकर सब प्रोडूसर को देना होता है इसके बाद कैमरा वगेरा मै भी खर्चा होता है और बहोत से लोग भी रखने होते है मान लीजिये मूवी बनके तैयार हो गयी खर्चा आया सो करोड़ का अब बात आती है की इन सो करोड़ रूपये से मुनाफा कैसे कमाया जाए यानि सो करोड़ मूवी ने कमाए तो ये तो सिर्फ मूवी का बजट निकलेगा इस सो करोड़ से दोसो करोड़ कैसे निकाले ये बात आ जाती है डिस्ट्रीब्यूटर पर !

बहोत से मामलो मै प्रोडूसर ही डिस्ट्रीब्यूटर होता है लेकिन बहोत से प्रोडूसर को पता नहीं होता की कैसे मूवी को रिलीज़ करें प्रमोट करें तो वो मूवी को बेच देता है डिस्ट्रीब्यूटर को मानलो उसने मूवी डिस्ट्रीब्यूटर को बेच दी दोसो करोड़ की अब प्रोडूसर, डायरेक्टर, एक्टर सब बाहर हो गए सब को अपनी फीस मिल गयी अब डिस्ट्रीब्यूटर का जिम्मा होता है की कैसे वो दोस्तों करोड़ मूवी से निकाले और ज्यादा पैसा कमाए !


लेकिन बात यहीं तक ख़तम नहीं हुई अब डिस्ट्रीब्यूटर को भी और पैसा लगाना होता है वो कैसे मान लीजिये उसने मूवी खरीद तो ली लेकिन अब उसका काम होता है रिलीज़ से पहले इसलिए प्रमोट करना यानि हर जगह पोस्टर लगाना, सौंग चलवाना ये सब मिलाकर उसने लगा दिए बीस करोड़ रूपये यानि अब उसका टोटल बजट हो गया दोसोबीस करोड़ रूपये !

लेकिन आप अगर यह सोच रहे हो की यह पैसा रिलीज पर ही कमाते है टिकट के जरिये तो आप गलत हो यह तो रिलीज से पहले ही भर भर के कमा लेते है वो कैसे तो आइये जानते है मूवी मै हर पार्ट के राइट्स होते है मानलो सॉन्ग अच्छे है तो कोई टेलिकॉम कंपनी उसे खरीदना चाहती है जैसे एयरटेल, वोडाफोन तो उनको सॉन्ग के राइट्स देने के लिए पैसा लेते है ऐसा नहीं है की किसी भी सॉन्ग का ऐसे ही रिंगटोन बना दिया !

इसके बाद टेलीवजन पर अलग अलग चैनल पर जो सॉन्ग प्ले होता है उसके लिए पैसा ले लिया जाता है इसके बाद किस चैनल पर मूवी दिखाना है इसकी डील पहले ही हो जाती है और चैनल से पैसा ले लिया जाता है जैसे शूर्यवन्शम मूवी जब रिलीज़ हुई थी तब शोनी मैक्स ने इसके राइट्स ले लिए थे बीस सालो के लिए और आप देख सकते हो की सुरएवंशम मूवी आज भी शोनी मैक्स पर दिखाई जाती है तो मूवी पर किस चैनल पर दिखाना है इसके पैसे भी पहले ही ले लिए जाते है !

अब जानते है की डिस्ट्रीब्यूटर मूवी को रिलीज़ कैसे करवाता है तो इसके बाद डिस्ट्रीब्यूटर जाते है सब्डिस्ट्रीब्यूटर के पास जो मूवी को रिलीज़ करवाता है और सब्डिस्ट्रीब्यूटर जाता है एग्जीबीटर के पास और वो बोलता है जितने की टिकट बिकेगी उसका कुछ परसेंट आप रख लेना और कुछ मुझको दे देना लेकिन जो थिएटर मोल जैसी जगह मै होते है उनमे ऐसा नहीं है उसमे समय के साथ साथ यानि जितने दिन तक थिएटर मै मूवी रहेगी पर्सेंटेज कम होती जाएगी तो ज्यादा दिन तक मूवी चलेगी तो थिएटर वाले को फायदा होगा !


लेकिन अगर मूवी ज्यादा कमा जाए यानि सो करोड़ की मूवी हज़ार करोड़ कमा ले तो क्या प्रोडूसर को पैसा मिलेगा जी नहीं उसने तो मूवी पहले ही दोसो करोड़ मै बेच दी थी तो वो तो अलग हो ही गया लेकिन अगर खुद ही प्रोडूसर हो तो जानिए कितना प्रॉफिट हो सकता है कुछ समय पहले बजरंगी भाईजान रिलीज हुई थी और इसके प्रोडूसर सलमान खान खुद ही थे और इस मूवी का बजट था नब्बे करोड़ और इस मूवी ने इंडिया मै ही चारसो करोड़ कमाए और बात करें पूरी दुनिया की तो इसने कमाए नोसोसत्तर करोड़ पूरी दुनिया मै कमाए इस मूवी ने !

इसके अलावा एक और मूवी का एक्साम्प्ल ले लेते है आपने दंगल मूवी तो देखी ही होंगी इस मूवी के प्रोडूसर आमिर और उनकी वाइफ किरण राव खुद थे और इस मूवी का बजट हुए सत्तर करोड़ और इंडिया ही इंडिया मै इस मूवी ने नोसोसत्तर करोड़ कमाए और पूरी दुनिया की बात करें तो इस मूवी नहीं बाइस्सों करोड़ की कमाई की सत्तर करोड़ की फ़िल्म बाइस्सों करोड़ मै तो आप सोच सकते है खुद प्रोडूसर होने के कितने फायदे है !

इन्होंने सत्तर करोड़ कमाए और उनके जरिये कमाए बाइस्सों करोड़ रूपये इन्होंने पैसो से पैसा कमाया पैसे से पैसा बनता है पास रखकर सडाना थोड़ी ना है पैसो से पैसा बनता है !

अब तो आपको पता लग ही गया होगा इस चक्रव्यू के बारे मै कैसे डायरेक्टर प्रोडूसर पैसा कमाते है डायरेक्टर प्रोडूसर से पैसा लेता है मूवी बनाने के लिए प्रोडूसर डिस्ट्रीब्यूटर को मूवी बेच देता है डिस्ट्रीब्यूटर मूवी को प्रमोट करता है और मूवी को पॉपुलर करने के बाद और उससे पैसा कमाने के बाद उसके राइट्स बेच कर उसे अच्छे दाम मै बेच देता है सब्डिस्ट्रीब्यूटर को और सब्डिस्ट्रीब्यूटर समझौता कर लेते है थिएटर वालों के साथ की इतना प्रेसेंट तुम रख लेना और मूवी को रिलीज करवाता है !


तो आज के आर्टिकल मै इतना ही उम्मीद है आपको यह आर्टिकल बहोत इंट्रेस्टिंग लगा होगा और कुछ ना कुछ जरूर सिखने को मिला होगा ऐसे और आर्टिकल के अपडेट पहले पाने के लिए हमारे ब्लॉग को सब्सक्राइब जरूर करें तो आज के लिए इतना ही मिलते है अगले आर्टिकल मै तब तक के लिए जय हिन्द वन्दे मातरम !